मध्य प्रदेश : गोरक्षा जिला प्रमुख और विहिप नेता रवि विश्वकर्मा की गोली मार कर हत्या

मध्य प्रदेश होशंगाबाद जिले के पिपरिया कस्बे में शुक्रवार (26 जून, 2020) शाम को विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) के नेता रवि विश्वकर्मा की गोली मार के हत्या कर गई। 39 वर्ष के रवि गोरक्षा जिला प्रमुख भी थे। करीब आधा दर्जन लोगों ने उन पर हमला किया था। जब विहिप की बैठक से अपने एक साथी के साथ होशंगाबाद से वापस लौट रहे थे।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार यह घटना तब हुई जब रवि विश्वकर्मा कार से अपने साथी बजरंग दल के प्रांत सह संगठन मंत्री राजकुमार सिंह और सुरेश पटेल के साथ विहिप के एक बैठक से वापस अपने निवास स्थान लौट रहे थे। वहीं करीब शाम के 6 बजे के आसपास पिपरिया शहर के सबसे व्यस्ततम अंडर ब्रिज को पास करते दौरान पहले से घात लगाकर बैठे 6-7 लोगों ने लाठी, राड से रवि की कार को रोक कर उनपर हमला कर दिया।

हमले का वीडियो भी सामने आ चुका है जिसमें आप देख सकते हैं कि किस तरह से अज्ञात गुंडे उन पर हमला कर रहे हैं।

वहीं हमलावरों ने जख्मी हालत में रवि को गाड़ी से खींच कर बाहर निकाला और उनके सर पर बंदूक से 2 गोली मार दी। जिसकी वजह से रवि की मौके पर ही मौत हो गई। कार में बैठे अन्य लोग बुरी तरह जख्मी हो गए। रवि के दम तोड़ने के बाद आरोपी मौका देख वहाँ से फरार हो गए।

घटना की सूचना मिलते ही मंगलवारा थाना और स्टेशन रोड पुलिस ने मौके पर पहुँच कर घटनास्थल से कार व तीन कारतूस बरामद कर लिए है। वहीं मृतक रवि के भाई ने खुद पर भी हमले की आशंका जताई है।

बता दें रवि विश्कर्मा को पहले से ही अपने ऊपर होने वाले हमले की जानकारी थी। इसीलिए उन्होंने शुक्रवार दोपहर को होशंगाबाद पुलिस स्टेशन में एएसपी एपी सिंह को एक ज्ञापन सौंपा था। जिसमें उन्होंने रसूखदार नाम के एक शख्स से अपनी जान पर खतरा होने का उल्लेख किया था। और यह भी जानकारी दी थी कि उनके मित्र राकेश रघुवंशी को झूठे आरोप में फँसाया गया है।

वहीं पुलिस ने मृतक के भाई अमित और कार में मौजूद राजकुमार सिंह तथा सुरेश पटेल के बयान के आधार पर एफआईआर दर्ज कर लिया है। एसडीओपी शिवेन्द्रू जोशी ने बताया, रवि की पुरानी रंजिश की वजह से उस पर हमला किया गया था। और हमलावरों द्वारा सिर्फ़ उसे मारने के इरादे से वारदात को अंजाम दिया गया है। पुलिस मामले की जाँच और सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुट गई है।

वही इस घटना के बाद शहर में गैंगवार फिर शुरू होने की चर्चा है। पिपरिया में यह कोई पहली वारदात नहीं है, इसके पहले भी इसी तरह कई विहिप के नेताओं की दिन-दहाड़े हत्याएँ हो चुकी हैं। जिसमें पिछले साल 9 अक्टूबर, 2019 मध्य प्रदेश के मंदसौर में युवराज सिंह नाम के विहिप के एक नेता की 3 गोली मार कर हत्या कर दी गई थी। जब वह गीता भवन अंडरब्रिज के पास स्थित एक चाय की दुकान पर थे।

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