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`विवाह भाग्य योजना’ तथा ‘अंधश्रद्धा निर्मूलन अधिनियम’ स्वीकारार्य नहीं है !

कर्नाटकके मुख्यमंत्री सिद्धरामय्या द्वारा प्रस्तावित ‘विवाह भाग्य योजना’ तथा ‘अंधश्रद्धा निर्मूलन अधिनियम’ स्वीकारार्य नहीं है, ऐसा प्रतिपादन कांग्रेसके जेष्ठ वरिष्ठ नेता एवं भूतपूर्व केंद्रीय मंत्री…

अंधश्रद्धा निर्मूलन कानूनमें अन्य धर्मियोंकी प्रथा सम्मिलित करनेकी मांग !

कर्नाटक विधानसभामें कर्नाटक अंधश्रद्धा निर्मूलन विधेयक-२०१३ यह विधेयक लानेपर विधानसभाकी कार्यवाही बंद की जाएगी, भाजपाने ऐसी चेतावनी दी है ।

जादूटोनाविरोधी अधिनियमके विषयमें वारकरियोंको कुछ आपत्ति हो, तो दूर करेंगे ! – अजित पवार

आनेवाले छह महमें हमें यह अधिनियम विधिमंडलमें पारित करना है । अत: वारकरियोंको अधिनियमके विषयमें कुछ आपत्ति हो, तो वे मुझसे, अथवा गृहमंत्री रा.रा. पाटिल…

विधिमंडलमें जादूटोनाविरोधी अध्यादेशका तीव्र विरोध करेंगे ! – विरोधी पक्षनेता विनोद तावडे

अबतक जादूटोनाविरोधी अध्यादेशकी एक ही धारा अनुचित है, ऐसा मैं समझता था; किंतु आपका आवेदन पढनेपर इस अधिनियमकी सारी धाराएं दोषपूर्ण होनेकी बात समझमें आई…

इच्छाधारी महाराजको जादूटोनाविरोधी अधिनियमके अंतर्गत हथकडी

कैलास निचल उपाख्य इच्छाधारी महाराजको जादूटोनाविरोधी अधिनियम धारा २ (५) के अंतर्गत संभाजी ब्रिगेडके कार्यकर्ताओंद्वारा किए परिवादके कारण हथकडी लगाई गई है ।

जादूटोनाविरोधी कानून अधिनियम निरस्त होनेके लिए मुंबई जनपद अधिकारी चंद्रशेखर ओकको निवेदन

जादूटोनाविरोधी कानून अधिनियम निरस्त होनेके लिए मुंबई जनपद अधिकारी चंद्रशेखर ओकको हिंदूनिष्ठ संगठनोंने हाल ही में निवेदन प्रस्तुत किया ।

वारकरी एवं धर्माचार्योंकी शंकाओंका निर्मूलन हुए बिना जादूटोनाविरोधी कानूनको समर्थन नहीं देंग

वारकरी संगठनोंके प्रमुख पदाधिकारी एवं धर्माचार्योंने ४ अक्तूबरको श्री. उद्धव ठाकरे ने आश्‍वासन देते हुए कहा कि धर्मपर आघात करनेवाले कानूनको मैं आंख मूंदकर कभी…

धर्माचरणपर आघात करनेवाले जादूटोनाविरोधी विधेयकको स्थायी रूपसे विरोध ! – पू. गोविंददेवगिरीजी महा

जादूटोनाविरोधी कानूनके कारण सप्तशतीके ग्रंथ तथा हनुमानचालीसाका प्रचार करना अपराध सिद्ध होगा तथा सज्जनोंको प्रताडित करनेके लिए असामाजिक शक्तियोंको अवसर मिलेगा ।

टोनाटोटका विरोधी अधिनियमको ज्योतिषी विरोध करें ! – ज्योतिर्विद्यावाचस्पति श्री.श्री. भट

हिंदू जनजागृति समितिके सर्वश्री अजय संभूस तथा महेश मुळीकने टोनाटोटका विरोधी अधिनियमके गंभीर परिणामोंके संदर्भमें सविस्तृत विषय प्रस्तुत कर उपस्थितोंका प्रबोधन किया ।

हिंदू संत तथा संगठनोंकी अपकीर्ति रोककर टोनाटोटका विरोधी अध्यादेश त्वरित निरस्त करें !

एक ओर शासन अल्पसंख्यकोंकी चापलूसी कर रहा है, तो दूसरी ओर हिंदू संत एवं संगठनोंपर कार्यवाहीकी लाठी उठा रहा है ।