Menu Close

शनिदेवता पर तैलाभिषेक करने के लिए 500 रुपए शुल्क लेने का निर्णय तत्काल निरस्त करें – हिन्दू जनजागृति समिति

न्यासी मंडल गरीब श्रद्धालुओं का शनिदेव पर अभिषेक करने का संवैधानिक अधिकार छीन लेने का प्रयास कर रहा है । यह एक प्रकार से श्रद्धालुओं…

नूपुर शर्मा के खिलाफ विवादित वीडियो पोस्ट करनेवाले यूट्यूबर फैसल वानी को मिली जमानत

भाजपा की निलंबित प्रवक्ता नूपुर शर्मा का सिर काटने का चित्रण करने वाला भडकाऊ वीडियो अपलोड करने के आरोप में गिरफ्तार श्रीनगर के यूट्यूबर फैसल…

दशम अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन में हिन्दू जागृति के विविध माध्यमों के विषय में जागृति

स्वयं के द्वारा हिन्दू धर्म का आचरण करने से ही हिन्दुओं में जागृति लाना संभव है, ऐसा प्रतिपादन हाँगकाँग के व्यायवसायी श्री. दयाल हरजानी ने…

दशम हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन के छठे दिन हिंदुत्वनिष्ठों के अनुभवकथन

छत्रपति शिवाजी महाराजजी को संत रामदास स्वामी का मार्गदर्शन मिला; परंतु आजकल के लोकप्रतिनिधि किसी भी संत-महात्मा का मार्गदर्शन नहीं लेते ।

ज्ञानवापी हिंदुओं की, वहां जबरदस्ती पढी जा रही है नमाज : पू. (अधिवक्ता) हरिशंकर जैन

अधिवक्ता जैन बोले ज्ञानवापी हिंदुओं की, वहाँ जबरदस्ती पढ़ी जा रही नमाज । कुव्वत उल इस्लाम मस्जिद का मतलब इस्लाम की ताकत ।

अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन के ७वें दिन के पहले सत्र में ‘धर्मांतरण रोकना और घरवापसी की योजना’ इस विषय पर उद्बोधन सत्र

हमें जातिव्यवस्था को दूर कर हिन्दूव्यवस्था स्थापित कर हिन्दू राष्ट्र की स्थापना करने का प्रयास करना होगा । हमें अपने महापुरुषों के अधुरे सपनों को…

हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन के छठे दिन ‘विदेश के हिन्दुओं का रक्षण’ इस विषय पर उद्बोधन सत्र

नौकरी के निमित्त पश्चिमी देशों में जाने के कारण नेपाल में पाश्चात्य सभ्यता का प्रभाव बढ रहा है । इसलिए वहां अब हाथों से भोजन…

‘हिन्दू राष्ट्र की स्थापना में संतों का दायित्व’ इस विषय पर दशम हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन में उद्बोधन सत्र

जिनकी शारीरिक क्षमता है, वह देह से, बौद्धिक क्षमता है वह बुद्धि से, इस प्रकार सभी को स्वयं की क्षमता के अनुसार हिन्दू राष्ट्र की…

दशम अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन में ‘हिन्दुओं की शिक्षा प्रणाली’ इस विषय पर विचारमंथन

एक अंग्रेज अधिकारी थॉमस मुन्रो के ब्योरे के अनुसार वर्ष १८२६ में दक्षिण भारत में १ लाख २८ सहस्र विद्यालय थे । जिनमें ब्राह्मण, क्षत्रिय,…

किलों का रूपांतरण दर्गाह में न हो’; इसके लिए हिन्दुओं को संगठित होकर कार्य करना आवश्यक – मनोज खाडये

पहले तो किले पर मजार बनाई जाती है और उसके उपरांत उस पर चादर चढाई जाती है । कुछ महिने उपरांत उस स्थान पर उर्स…