Menu Close

घुसपैठियोंको नौकरियां देनेवालोंको कारागृहमें भेजें ! – श्री. सूर्यकांत केळकर

जिनके पास अनुज्ञप्ति नहीं है, ऐसे घुसपैठियोंको जो लोग नौकरियां देते हैं उनपर अभियोग प्रविष्ट कर, दो वर्षोंका कारावास अवश्य देना चाहिए । तब ही…

गोरक्षा करते समय अपराध प्रविष्ट होना, इसे अपना गौरव समझें ! – श्री. शैलेश होळ्ळा, कामधेनु ट्रस्ट

गोरक्षा करते समय मुझपर अनेक अपराध प्रविष्ट हुए हैं; परंतु मुझे उसका खेद नहीं है । गोरक्षा करते समय आपपर अपराध प्रविष्ट हो जाए, तो…

जबतक पाक आतंकवादको नहीं रोकेगा, तबतक चर्चा न करें ! – श्री. अश्‍वनीकुमार च्रोंगू, पनून कश्मीर

जबतक पाक आतंकवादको रोकता नहीं, तबतक पाकसे मित्रतापूर्ण संबंध स्थापित करनेके प्रयास न करें । हिंदुपर हो रहे अत्याचारोंके विरोधमें भारतको कठोर भूमिकाका अवलंब करना…

श्रीलंकाके तमिल भाषी हिंदू हैं, उनपर हो रहे अत्याचारोंकी ओर ध्यान दें ! – श्री. अर्जुन संपथ

श्रीलकांके तमिल भाषी हिंदू हैं । उनपर हो रहे अत्याचारोंकी ओर तमिल भाषियोंपर हो रहे अत्याचार इस दृष्टिसे न देखें; हिंदुओंपर हो रहे अत्याचार समझकर…

हिंदुओंपर अत्याचार करनेवाले बांग्लादेशके लिए मैत्री एक्स्प्रेस क्यों चला रहे हैं ?

बांग्लादेशमें मुसलमान आतंकवादी हैं । बांग्लादेशी मुसलमान आतंकवादी भारतमें घुसपैठ कर रहे हैं, ये विचार हिंदू एक्जिस्टन्स जालस्थलके संपादक श्री. उपानंद ब्रह्मचारीजीने प्रकट किए ।

नेपाल आज भी हिंदू राष्ट्र है – श्री. जगदबहादुर थापा, हिंदू राष्ट्र नेपाल वैदिक साम्यवादी संगठन

नेपालमें ८१ प्रतिशत हिंदू होनेपर भी अल्पसंख्यक साम्यवादियोंने वहां देशका अंतरिम संविधान निर्माण कर नेपालको धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र घोषित किया । ऐसा होनेपर भी वहांकी हिंदू…

बांग्लादेशमें हिंदू नामशेष होनेकी स्थितिमें ! – श्री. रविंद्र घोष, बांग्लादेशी माइनॉरिटी वॉच

बांग्लादेशी माइनॉरिटी वॉच नामक संगठनके श्री. रविंद्र घोषने अधिवेशनमें बांग्लादेशी हिंदुओंकी दयनीय स्थितिपर प्रकाश डालते हुए कहा, विभाजनके समय बांग्लादेशमें २८ प्रतिशत हिंदू थे; जिनकी…

हिंदुओं, धर्माधारित राज्यकर्ता निर्वाचित करना आपका ही दायित्व ! – स्वामी कुमारानंदजी

कर्मसिद्धांतानुसार हिंदुओंको उनके कर्मोंका फल भोगना पड रहा है । इसके अनुसार अब धर्माधारित राज्यकर्ता निर्वाचित करनेका अर्थात रामराज्य लानेका दायित्व भी हिंदुओंका ही है…

बालकोंको बताएं कि धर्मनिरपेक्ष शब्द विदेशी है ! – प्रा. दुर्गेश परुळेकर, हिंदू महासभा

हमारे बच्चोंको अत्यंत अयोग्य सीख दी जाती है कि सर्व धर्म समान हैं; परंतु बालकोंको बताना चाहिए कि धर्मनिरपेक्ष शब्द विदेशी है; क्योंकि हिंदू धर्म…

संस्कृत ही भारतकी एकमात्र भाषा ! – डॉ. निरंजन साहू, प्रवक्ता, लोकभाषा प्रचार समिति

वास्तवमें संस्कृत ही भारतकी एकमात्र भाषा है । यदि इस भाषाके माध्यमसे हम सब एक हो जाएं, तो सर्व समस्याओंका निराकरण हो जाएगा |