कार्तिक पूर्णिमा, कलियुग वर्ष ५११६

बेरुत – इराक और सीरिया में कुर्द लड़ाकों के मजबूत विरोध से निपटने में विफल रहे इस्लामिक स्टेट (आइएस) आतंकी अपनी भड़ास कायरतापूर्ण तरीकों से बच्चों पर उतार रहे हैं। सीरिया के उत्तरी कस्बे कोबानी से पकड़े गए कुर्द बच्चों को आइएस आतंकी कोड़े मारना और बिजली के तारों से पीटना जैसी यातनाएं दे रहे हैं। कोबानी को जीतने के लिए आतंकी महीने भर से डेरा डाले हुए हैं। मगर उनके मंसूबे अभी तक विफल रहे हैं।
एक अमेरिकी मानवाधिकार संस्था ह्यूमन राइट्स वाच ने कई बच्चों के इंटरव्यू के आधार पर यह दावा किया। संस्था के मुताबिक, आतंकियों ने अलेप्पो से मई में परीक्षा देकर कोबानी वापस लौट रहे करीब 150 छात्रों का अपहरण कर लिया था। इनमें से करीब 50 भाग निकलने में सफल रहे थे। कैद में मौजूद छात्रों को आतंकियों ने टुकड़ों में रिहा किया। आखिरी बार 29 अक्टूबर को छात्र रिहा किए गए।
संस्था ने कहा कि सीरिया में विद्रोह शुरू होने के बाद से ही बच्चों को दोनों ओर से निशाना बनाया गया। छात्रों को सीरिया के मनबीज कस्बे में रखा गया। उन्हें बुरी तरह से मारा-पीटा जाता था। जिन बच्चों के परिजन कुर्द लड़ाके थे, उन्हें और भी बुरी यातनाओं के दौर से गुजरना पड़ा। इसके बाद हमें कट्टर इस्लामी प्रशिक्षण दिया गया। बाद में बिना कारण बताए छोड़ दिया गया।
सीरिया में काम कर रही ब्रिटिश मानवाधिकार संस्था सीरियन ऑब्जरवेटरी ने दावा किया कि आइएस ने 93 कुर्दों को मुक्त कर दिया है। आतंकियों ने करीब 100 लोगों को कुर्दिश डेमोक्रेटिक यूनियन पार्टी का सदस्य होने का आरोप लगाकर पकड़ लिया था। यह पार्टी आइएस का विरोध कर रही है।
स्त्रोत : जागरण









WHO SUPPLIES ARMS & AMMUNATIONS TO TERRORISTS ?