मूल सुनवाई के दौरान तहसीलदार ने न तो कोई सबूत या गवाही दर्ज की थी, न ही जिरह (Cross-examination) की और अपील की समय बाकी…
हिंदू जनजागृति समिति एवं महाराष्ट्र मंदिर महासंघ की ओर से वडकी नाका, हडपसर में संतश्रेष्ठ ज्ञानेश्वर माऊली की पालकी का भावपूर्ण स्वागत किया गया।
आषाढ़ी एकादशी के अवसर पर श्री विठ्ठल-रुक्मिणी के दर्शन के लिए लाखों वारकरी एवं श्रद्धालु पंढरपुर आते हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा धार्मिक वातावरण की…
श्री तुळजाभवानी मंदिर की सहस्रों एकड भूमि के संदर्भ में महाराष्ट्र मंदिर महासंघ द्वारा दिए गए ज्ञापन का प्रभाव – धाराशिव के जिलाधिकारी श्री कीर्ति…
गोमंतक मंदिर महासंघ के सचिव श्री जयेश थळी ने सरकार द्वारा तत्काल आपत्ति का संज्ञान लेकर गैर-हिंदू व्यक्ति के नाम पर जारी की गई निविदा…
‘देवराई एवं देवराहाटी’की भूमियां बिना किसी पूर्वसूचना के अवैधरूप से महाराष्ट्र सरकार के नाम से करने की राजस्व विभाग की कार्यवाही का राज्य सरकार ने…
श्रीराम मंदिर (बुंदेलपुरा)’ की मौजा खेल त्र्यंबकनारायण स्थित ३.५ एकड (१.४३ हेक्टेयर) की १० करोड रुपये मूल्य की कृषि भूमि को हडपने के षड्यंत्र को…
राज्य की देवस्थान इनाम भूमियों का संरक्षण कर वर्षों से लंबित प्रश्नों का स्थायी समाधान करने के लिए ‘देवस्थान इनाम निर्मूलन’ के बजाय ‘देवस्थान भूमि…
पंढरपुर स्थित ‘स्वयंभू’ श्री विठ्ठल-रुक्मिणी की मूर्ति पर पुरातत्व विभाग द्वारा 23-24 जून को प्रस्तावित रासायनिक वज्रलेपन प्रक्रिया का वारकरी संप्रदाय और महाराष्ट्र मंदिर महासंघ…
‘देवस्थान भूमि संरक्षण कानून’ लागू कराने के लिए राज्य के साढ़े चार लाख मंदिरों को संगठित कर तीव्र आंदोलन खड़ा करना होगा।
