जन्म से हिंदू लोगों को कर्मनिष्ठ, जागृत और संगठित हिंदू बनाएं! – शंभू गवारे, हिंदू जनजागृति समिति

हावड़ा (पश्चिम बंगाल) में आयोजित हिंदू राष्ट्र अधिवेशन को संबोधित करते हुए हिंदू जनजागृति समिति के पूर्व एवं पूर्वोत्तर भारत के समन्वयक शंभू गवारे ने कहा कि, समिति के प्रेरणास्रोत सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. जयंत आठवले ने वर्ष 1998 में प्रकाशित अपनी पुस्तक ‘ईश्वरी राज्य की स्थापना’ के माध्यम से हिंदू राष्ट्र अर्थात रामराज्य की संकल्पना प्रस्तुत की थी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में परिस्थितियों में परिवर्तन दिखाई दे रहा है और पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद हिंदुत्वनिष्ठ संगठनों की जिम्मेदारी और बढ़ गई है। इसलिए जन्म से हिंदू लोगों को कर्मनिष्ठ, जागृत और संगठित हिंदू बनाना आवश्यक है।
🕉️🚩 हिंदू राष्ट्र सड़क, संसद और संविधान में होना आवश्यक है – शंभू गवारे @HinduJagrutiOrg
Adi Guru Shankaracharya Trust held #HinduRashtraAdhiveshan in Howrah, WB
Inspired by Jagadguru Swami Nishchalananda Saraswati & Sachchidannad Parbrmha Dr Athavale ji 🙏 pic.twitter.com/CDKLXevkcE— 🚩Shambhu 🇮🇳 © (@Shambhu_HJS) July 19, 2026
यह अधिवेशन हावड़ा के शरत सदन में आदि शंकराचार्य मंदिर सामाजिक विकास ट्रस्ट के संस्थापक ट्रस्टी एवं बंगाल स्थित आदित्य वाहिनी के अध्यक्ष देबाशीष गोस्वामी के नेतृत्व में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में हिंदुत्वनिष्ठ संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
इस अवसर पर तारकेश्वर शिव मंदिर के महंत श्रीमद् दंडी स्वामी सुरेश्वर आश्रम महाराज, ऋषदा प्रेम मंदिर के महासचिव स्वामी निर्गुणानंद ब्रह्मगिरि, श्रीमद् हिरण्यमय गोस्वामी, दंडी स्वामी रामानंद तीर्थ, महामिलन मठ के अध्यक्ष डॉ. शोभन भट्टाचार्य, स्वामी सर्वानंद अवधूत, बंधु गौरव ब्रह्मचारी, हिंदू राष्ट्र समन्वय समिति के बंगाल समन्वयक अनिर्बान नियोगी तथा अंजनी पुत्र सेना के संस्थापक सचिव सुरेंद्र वर्मा सहित अनेक संत एवं गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। अधिवेशन का समापन ‘वंदे मातरम्’ के पूर्ण सामूहिक गायन के साथ हुआ।








