Menu Close

‘हर घर योद्धा’ अभियान के माध्यम से चिपळूण (महाराष्ट्र) में युवाओं को मिला आत्मरक्षा का प्रशिक्षण

हिंदू युवतियों को स्वसंरक्षण प्रशिक्षण लेने के साथ सतर्कता पर भी जोर देना चाहिए – अनुराग उतेकर, हिंदू राष्ट्र समन्वय समिति

चिपलूण – आज उच्चशिक्षित वर्ग वाले ‘कॉर्पोरेट’ क्षेत्र में धर्मांतरण का षड्यंत्र उजागर हुआ है। केवल शहरों में ही नहीं, अपितु गांवों की हिंदू युवतियों को भी शिक्षा ग्रहण करते समय अथवा कार्यस्थल पर ऐसी जिहादी प्रवृत्तियों से होने वाले त्रास का सामना करना पड़ रहा है। इसके लिए युवतियों को अपने संरक्षण हेतु स्वसंरक्षण प्रशिक्षण लेने के साथ-साथ आसपास के लोगों का निरीक्षण भी करना चाहिए और सदैव सतर्क रहना चाहिए, ऐसा प्रतिपादन हिंदू राष्ट्र समन्वय समिति के सह-संयोजक श्री अनुराग उतेकर ने किया।

हिंदू जनजागृति समिति के माध्यम से हिंदू युवतियों और युवकों को धर्मांध प्रवृत्तियों से अपनी रक्षा करने में सक्षम बनाने के लिए ‘हर घर योद्धा प्रशिक्षण शिविर’ का आयोजन किया गया। यह शिविर परशुराम एज्युकेशन सोसायटी के गुरुदक्षिणा सभागार में 10 से 19 जून के कालावधि में संपन्न हुआ। 19 जून को शिविर का समापन हुआ। इस शिविर का लाभ चिपलूण तालुका के युवक-युवतियों ने लिया। शिविरार्थियों ने कराटे, लाठी और दंडसाखली के प्रात्यक्षिक प्रस्तुत किए। जिन धर्मप्रेमी युवाओं ने शिविर में स्वसंरक्षण का पाठ्यक्रम पूर्ण किया, उन्हें श्री अनुराग उतेकर और श्री प्रशांत उतेकर के हस्ते प्रशस्तिपत्र प्रदान किए गए।

इस अवसर पर श्री प्रशांत उतेकर ने चिपलूण परिसर में ‘लव जिहाद’ के प्रकरण बढ़ने की बात बताते हुए कुछ प्रमुख घटनाओं की जानकारी दी। सनातन संस्था के श्री विनायक कांगणे ने शारीरिक बल के साथ आत्मबल बढ़ाने तथा कार्य को ईश्वरीय अधिष्ठान प्राप्त हो, इसके लिए साधना के महत्त्व पर प्रकाश डाला। हिंदू जनजागृति समिति की राष्ट्रीय प्रथमोपचार सेविका डॉ. (सौ.) साधना जरळी का भी मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। सूत्रसंचालन कु. दिव्या घाग ने किया।

अभिप्राय

1. कु. मृण्मयी ओक : मुझे लाठी-काठी सीखनी थी, जो इस शिविर के कारण संभव हो सका।

2. श्री आदित्य तांबे : मैं यह प्रशिक्षण स्वयं सीखकर अन्य लोगों को भी सिखाऊंगा।

3. डॉ. (सौ.) अवंति गौंड : ऐसे शिविर नियमित रूप से होने चाहिए। महिलाएं यदि स्वसंरक्षण के पाठ लेकर नियमित अभ्यास करें, तभी आत्मविश्वास बढ़ेगा और कठिन परिस्थितियों में प्रतिकार किया जा सकेगा।

4. श्री विनोद शिंदे (पालक) : सभी हिंदुओं को योद्धा बनने का प्रशिक्षण लेना चाहिए।

5. श्री विनित सिनकर : इस शिविर में मुझे बल बढ़ने का अनुभव हुआ।

Latest News