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हिंदू-विरोधियों को पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का मुंहतोड प्रत्युत्तर
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‘अंनिस’ को करारा जवाब देने के लिए भक्तों की उमडी भीड!

नागपुर – हिंदू धर्म के प्रचार और संतों के अपमान करने वाले तथाकथित धर्मनिरपेक्ष लोगों को बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने नागपुर की धरती से खुली चुनौती दी है। अखिल भारतीय अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति (अंनिस) के श्याम मानव द्वारा दी गई चुनौती को स्वीकार करते हुए उन्होंने कहा, “जिसे लगता हो, वह हमारे दरबार में आए; हम अपनी ईश्वरीय विद्या का प्रदर्शन करेंगे।” इस प्रकार उन्होंने हिंदू-विरोधियों को करारा उत्तर दिया। दूसरी ओर, हिंदू आस्था पर प्रहार करने वाली अंनिस को जवाब देने के लिए रेशीम बाग मैदान में भक्तों की भारी भीड उमड पडी।
🔥 Pandit Dhirendra Krishna Shastri gives a fitting reply to those challenging Hindu beliefs:
🗣️ “Those who wish may come to our Darbar – I will show them a glimpse of the Divine knowledge we possess!”
🚩 A massive sea of devotees gathered in Nagpur, delivering a strong… pic.twitter.com/RQ0wC0VhNO
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) April 29, 2026
वर्तमान में नागपुर के रेशीम बाग मैदान में 26 से 30 अप्रैल तक ‘श्रीराम कथा’ का आयोजन किया गया है। इसी कार्यक्रम के संदर्भ में श्याम मानव ने पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को 80 लाख रुपये की चुनौती दी थी। उन्होंने शास्त्रीजी से 10 व्यक्तियों के नाम, उनके पिता का नाम, आयु और मोबाइल नंबर सही-सही बताने की चुनौती दी, साथ ही ‘अतिंद्रिय शक्ति’ की परीक्षा के लिए बंद कमरे में रखी गई 10 वस्तुओं की पहचान करने की शर्त भी रखी। दोनों परीक्षाओं में कम से कम 90% सटीकता आवश्यक रखी गई है और यह प्रक्रिया नागपुर में पत्रकारों की उपस्थिति में करने की बात कही गई है।
अंनिस का कहना है कि, यदि शास्त्रीजी सफल होते हैं तो उन्हें 80 लाख रुपये दिए जाएंगे, अन्यथा इसे लोगों की भावनाओं का दुरुपयोग माना जाएगा। इस चुनौती को पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने निर्भीकता से स्वीकार किया है।
पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा, “इस समय हम नागपुर में ही हैं, मध्यप्रदेश में नहीं। हम एक घंटे के लिए नहीं, अपितु 5 दिनों के लिए यहां हैं। कथा के मंडप में ही उपस्थित हैं। राज्य उनका, शहर उनका और मंच भी उनका ही है। मैं अकेला हूं। जिसे इच्छा हो, वह दरबार में आए। हमारे पास जो भी विद्या और शक्ति है, उसका हम प्रदर्शन करेंगे। हम जादूगर नहीं हैं; हमें जो ईश्वर प्रेरणा देंगे, उसी के अनुसार हम लोगों का मार्गदर्शन करेंगे। वे आएंगे तो उनका भी मार्गदर्शन करेंगे।”
सनातन धर्म का प्रचार अंधविश्वास नहीं!
इससे पहले जनवरी 2023 में भी इसी प्रकार का विवाद खडा किया गया था। बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के विरुद्ध श्याम मानव ने शिकायत दर्ज कराते हुए कहा था कि वे अंधविश्वास फैला रहे हैं और उनके विरुद्ध मामला दर्ज होना चाहिए। इस पर नागपुर पुलिस ने स्पष्ट किया था कि वीडियो में ऐसा कुछ भी नहीं है, जिससे अंधविश्वास फैलता हो या कानून के अनुसार अपराध बनता हो। इसके बाद पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा था कि सनातन धर्म का प्रचार अंधविश्वास नहीं है।
नागपुर में भक्तों ने स्पष्ट कहा है कि, वे संतों का अपमान सहन नहीं करेंगे। पुलिस की जांच में भी यह सिद्ध हो चुका है कि पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के कार्य में कुछ भी अवैध नहीं है।
स्रोत : दैनिक सनातन प्रभात








