बांग्लादेशी घुसपैठियों के विरोध में हिंदुत्वनिष्ठ संगठनों का आंदोलन

बेंगलुरु (कर्नाटक) : हिंदू राष्ट्र समन्वय समिति की ओर से 25 जनवरी को यहां के ‘फ्रीडम पार्क’ में आंदोलन किया गया। चामराजपेट में 4 जनवरी को ‘ओम शक्ति’ की माला पहने अय्यप्पा भक्तों पर मुस्लिम युवकों द्वारा किए गए हमले का इस अवसर पर तीव्र निषेध किया गया।
चामराजपेट में हिंदुओं पर हुए हमले के विरोध में आंदोलन करते हुए राज्य में मौजूद बांग्लादेशी घुसपैठियों को तुरंत बाहर निकालने की मांग भी की गई।


इस आंदोलन में श्रीराम सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री प्रमोद मुतालिक, अय्यप्पा सेवा समाजम् के अध्यक्ष श्री एन. जयराम, ओम शक्ति मंडल के श्री रक्षित जय गिरीश, श्री सुनील शेट्टी, कर्नाटक उच्च न्यायालय के अधिवक्ता अमृतेश एन.पी., भाजपा नेता श्री सप्तगिरी गौड़ा, हिंदू जनजागृति समिति की सौ. भव्या गौड़ा, श्रीराम सेना के श्री सुंदरेश नर्गल, श्री मंजुनाथ सहित अनेक हिंदू संगठनों के नेता उपस्थित थे। बांग्लादेशी घुसपैठियों के नेटवर्क का पर्दाफाश करने वाले पुनीत केरेहळ्ळी और संतोष कर्ताळ की गिरफ्तारी, तथा डॉ. नागेंद्रप्पा को हुए मानसिक उत्पीड़न की घटनाओं का भी आंदोलनकारियों ने तीव्र निषेध किया।

हिंदुओं पर अत्याचारों को व्यवस्थित रूप से दबाने का प्रयास! – प्रमोद मुतालिक

आंदोलनकारियों को संबोधित करते हुए श्री मुतालिक ने कहा कि चामराजपेट में ओम शक्ति की माला पहनी हिंदू महिला भक्तों पर पत्थर फेंके गए। यह कृत्य ‘अल्पवयीन’ लड़कों ने किया, ऐसा कहकर इस प्रकरण को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। इससे पहले इसी चामराजपेट में गोमाता का सिर काटने की क्रूर घटना हुई थी। उस समय भी हिंदुओं ने विरोध किया था, लेकिन तब भी उसे ‘मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति’ द्वारा किया गया कृत्य बताकर मामला दबा दिया गया।
चामराजपेट विधानसभा क्षेत्र में हिंदुओं पर लगातार हमले हो रहे हैं, फिर भी प्रशासन पूरी तरह चुप है, ऐसी संतप्त प्रतिक्रिया श्री मुतालिक ने व्यक्त की।








