
चुनाभट्टी (मुंबई) – ‘छत्रपति संभाजी महाराजजी ने हिन्दू धर्म की रक्षा के लिए अपने शरीर का प्रत्येक अवयव और रक्त की एक-एक बूंद का त्याग किया था । इस हिन्दू धर्म के लिए हम प्राण नहीं; परंतु १ घंटा निश्चित ही दे सकते हैं’, ऐसा प्रतिपादन हिन्दू जनजागृति समिति के युवा संगठक श्री. हेमंत पुजारे ने यहां किया । छत्रपति संभाजी महाराजजी की स्मृतिप्रीत्यर्थ चुनाभट्टी में बलिदानमास मनाया जा रहा है । यहां के मानवसेवा प्रतिष्ठान, पावनखिंड दौड समिति और गावकरी (ग्रामीण) मंडल ने एकत्र आकर इसका आयोजन किया था । इस निमित्त १ मार्च को आयोजित व्याख्यान में वे बोल रहे थे । इस अवसर पर ८५ से ९० राष्ट्रप्रेमी नागरिक इसमें सम्मिलित हुए थे । ‘मानव सेवा प्रतिष्ठान’के संस्थापक अध्यक्ष श्री. विनायक शिंदे, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के श्री सिद्धिविनायक भाग कार्यकारिणी सदस्य श्री. संतोष मौर्य, भारतीय जीवन बीमा निगम के अधिकारी श्री. सचिन निरकर, सामाजिक कार्यकर्ता श्रीमती मुग्धा पालांडे के नेतृत्व में कार्यक्रम का आयोजन हुआ । ‘छत्रपति संभाजी महाराज का जीवन असामान्य शौर्य, त्याग एवं धर्म के प्रति निष्ठा से ओतप्रोत था । सतत ४० दिनों तक मरणासन्न यातना भोगते हुए भी अपने धर्म के प्रति निष्ठा रखकर प्राणों का बलिदान देनेवाले संभाजी महाराज के चरित्र का नागरिकों में बीजारोपण करने के लिए बलिदानमास का आयोजन किया जाता है । आयोजकों ने बताया कि इससे राष्ट्र-धर्म के प्रति निष्ठावान समाज निर्माण होगा !’








