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महापंचायत पर महा बवाल, मुजफ्फरनगर दंगों के आरोपी संगीत सोम को पुलिस ने लिया हिरासत में

श्रावण कृष्ण पक्ष  द्वितीया / तृतीया, कलियुग वर्ष ५११६


लखनऊ (उत्तर प्रदेश) : मुजफ्फरनगर दंगों के आरोपी और भाजपा विधायक संगीत सोम को शुक्रवार को यूपी पुलिस ने मुरादाबाद के पास हिरासत में ले लिया है। संगीत सोम पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ मुजफ्फरनगर के पास काठ में महापंचायत में हिस्सा लेने जा रहे थे।

संगीत सोम के अलावा पुलिस ने भाजपा सांसद सत्यपाल सिंह, नेपाल सिंह समेत कई अन्य नेताओं को भी पुलिस ने हिरासत में लेकर सभी को पुलिस लाइन में शिफ्ट किया है। हिरासत पर लेने के बारे में पुलिस ने बताया है कि प्रशासन ने भाजपा को महापंचायत की अनुमति नहीं दी थी। इसके बावजूद ये सभी महापंचायत करने जा रहे थे। पुलिस का कहना है कि प्रशासन को डर था कि महापंचायत से इलाके में तनाव उत्पन्न हो सकता है।

गौरतलब है कि यूपी पुलिस और प्रशासन ने धार्मिक स्थलों पर लाउड स्पीकर के प्रयोग पर प्रतिबंध लगा रखी है। इसके विरोध में ही भाजपा ने काठ में महापंचायत बुलाई थी। गौर हो कि जून में धार्मिक स्थलों पर लाउड स्पीकर के इस्तेमाल के कारण इलाके में तनाव उत्पन्न हो गया था। जिसके बाद हुडदंगियों ने जमकर उत्पात मचाया था। पुलिस को भीड़ को काबू में करने के लिए लाठीचार्ज और फायरिंग करनी पड़ी थी।

जिसके विरोध में भाजपा ने महापंचायत बुलाई थी। इस महापंचायत में भाजपा के कई नेता शामिल होने वाले थे। बताया जा रहा है कि अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली सपा सरकार राज्य में मुजफ्फरनगर दंगों जैसी घटना दोबारा नहीं होने देना चाहती। इसके चलते सुरक्षा के मद्देनजर मुरादाबाद में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।

क्या है लाउड स्पीकर मामला –


विवाद की वजह

 . मुरादाबाद के काठ क्षेत्र स्थित कुमार फिलिंग स्टेशन के पास २७ जून को एक धार्मिक स्थल से लाउडस्पीकर उतरवाने को लेकर ग्रामीणों व पुलिस में जमकर संघर्ष हुआ था।

 . इस मसले को लेकर एक सिपाही ने बिना किसी वजह के एक युवक को पीट दिया जिसके बाद नाराज ग्रामीणों ने पथराव कर दिया। इसके जवाब में पुलिस ने बल प्रयोग किया और आंसू गैस के गोले छोड़े और फायरिंग की। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में तनाव बना हुआ है।

 . कांठ में कल सुलह समझौते के इरादे से पहुंचे बीजेपी के स्थानीय सांसद सर्वेश सिंह को भी विरोध का सामना करना पड़ा। न केवल ग्रामीणों ने बल्कि उनके प्रदेश अध्यक्ष ने खुद सांसद के सुझाव को ठुकरा दिया। इस बीच ग्रामीणों ने सांसद का घेराव कर उनका पुतला भी जलाया।

 . हिंदू जागरण मंच के आह्वान पर महापंचायत का शुक्रवार को ही होने का एलान किया गया। बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने बताया कि सांसद ने गलत समझौता किया था, उसकी प्रति फाड़ कर फेंक दी गई है। बीजेपी इस मामले पर महापंचायत करने के अपने फैसले पर अड़ी है।

स्त्रोत : हरिभूमि

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