Menu Close

७०० वर्षों के उपरांत शुक्रवार को भोजशाला में नमाज नहीं, अपितु हिन्दुओं ने की अखंड पूजा

अब आगे से शुक्रवार को नमाज नहीं होगी, केवल पूजा की जाएगी

धार (मध्य प्रदेश) – मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्णय के उपरांत पहले ही शुक्रवार को हिन्दुओं की भोजशाला में भारी भीड उमडी । ७०० वर्षों में पहली बार ऐसा हुआ । शुक्रवार को भोजशाला में नमाज की अपेक्षा केवल “जय सियाराम” के जयघोष सुनाई दे रहे थे । सुबह से ही वहां हिन्दू श्रद्धालुओं की बडी संख्या उपस्थित थी । उच्च न्यायालय के निर्णय में भोजशाला परिसर स्थित मस्जिद में नमाज की अनुमति निरस्त कर दी गई थी । इसलिए मुसलमान वहां नमाज अदा नहीं कर सके ।

हिन्दुओं द्वारा अखंड पूजा

निर्णय के अगले ही दिन से भोजशाला में हिन्दुओं द्वारा अखंड पूजा की जा रही थी । २२ मई की सुबह से ही हिन्दू श्रद्धालु भोजशाला मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना कर रहे थे । साथ ही देवी वाग्देवी की आरती भी की गई । धार सहित आसपास के जिलों से भी बडी संख्या में लोग दर्शन और पूजा के लिए पहुंचे थे । पिछले कई वर्षों से चली आ रही परंपरा के अनुसार भोजशाला परिसर में मंगलवार को हिन्दू समाज पूजा करता था, जबकि शुक्रवार को मुसलमानों को नमाज की अनुमति थी ।

भाजपा विधायक भी भोजशाला पहुंचे

विधायक नीना वर्मा भोजशाला पहुंचीं तथा श्री वाग्देवी के तैलचित्र के दर्शन एवं पूजन किए । साथ ही भोजशाला आंदोलन से जुडे वरिष्ठ आंदोलनकारी विमल गोधा के चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद लिया । इस समय उन्होंने भजन मंडली के साथ बैठकर भजन-कीर्तन में भी भाग लिया ।

स्रोत : हिंदी सनातन प्रभात

Latest News