ब्लास्ट में फिदायीन हमले का शक

देश की राजधानी दिल्ली सोमवार शाम एक भीषण धमाके से दहल उठी। लाल किले के पास मेट्रो स्टेशन के समीप खड़ी एक कार में जोरदार विस्फोट हुआ, जिसमें कम से कम १३ लोगों की मौत हो गई और 19 से अधिक घायल हुए हैं। धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास खड़ी तीन गाड़ियां जलकर खाक हो गईं और इलाके में अफरातफरी मच गई।
धमाका सोमवार शाम करीब 6:50 बजे हुआ। लाल किले के गेट नंबर 1 के पास एक Hyundai i20 कार में अचानक आग लगी और कुछ ही क्षणों में तेज धमाके के साथ वह धुएं के गुबार में बदल गई।
दिल्ली कार धमाके बाद कुछ तस्वीरें आई सामने, देखिए लाल किले के पास भयानक मंजर #lalqila #delhi #DelhiCarBlast #LatestNews pic.twitter.com/h0Wm1qqhyU
— Amandeep Pillania (@APillania) November 10, 2025
अब तक इस ब्लास्ट के पीछे के कारणों का पता नहीं चला है। लेकिन, जांच एजेंसियां को एक डॉक्टर उमर पर शक गहरा रहा है। माना जा रहा है कि यह डॉक्टर कार में सवार था। इस डॉक्टर के तार फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल से जुड़े हैं। पुलिस को फरीदाबाद से 2900 किलो बम बनाने की सामग्री मिली थी, जिसमें अमोनियम नाइट्रेट भी शामिल था। साथ ही कहा जा रहा है कि इस मॉड्यूल से जुड़े डॉक्टर उमर मोहम्मद ने पकड़े जाने के डर से घटना को अंजाम दिया था।

ब्लास्ट से पहले ही तीन डॉक्टरों समेत 7 संदिग्धों पकड़ा गया। इसमें महिला डॉक्टर शाहीन शाहिद भी शामिल है, जिसका आतंकी संगठन जैश से कनेक्शन जुड़ रहा है।
फरीदाबाद कार्यवाही में जैश-ए-मोहम्मद और अंसार गजवत-उल-हिंद से जुड़े ‘सफेदपोश’ आतंकी मॉड्यूल का भी पर्दाफाश हुआ है। गिरफ्तार लेडी डॉक्टर शाहीन का जैश से सीधे संबंधों का खुलासा हो रहा है। दावा किया जा रहा कि लेडी डॉक्टर शाहीन जैश की महिला विंग जमात उल मोमीनात की इंडिया हेड का जिम्मा संभाल रही थी। उसका टारगेट ही यही था कि भारत में महिलाओं को ज्यादा से ज्यादा आतंकी ग्रुप में जोड़ा जाए।

हालांकि, डॉक्टर शाहीन की गिरफ्तारी से बड़ी साजिश के भंडाफोड़ की आशंका जताई जा रही है। शाहीन लखनऊ की रहने वाली बताई जा रही है। उसे कश्मीर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में फैले टेरर मॉड्यूल में संदिग्ध भूमिका के चलते अरेस्ट किया गया। अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार महिला डॉक्टर की कार से एके-47 राइफल भी बरामद की गई है। वो कहीं भी जाती थी तो कार में एके-47 लेकर चलती थी।
पता चला है कि यह कार कुछ ही सप्ताह पहले बेची गई थी और पिछले मालिक से पूछताछ चल रही है। कार में उपयोग हुए विस्फोटक की प्रारंभिक रिपोर्ट में संकेत मिले हैं कि यह “इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED)” जैसा था।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, जिस हुंडई i20 कार में धमका हुआ है, वो वारदात से पहले एक मस्जिद के पास पार्किंग में करीब तीन घंटे तक खड़ी रही थी। धमाके से पहले एक तस्वीर सामने आई है। तस्वीर में कार सुनहरी मस्जिद के पास सड़क पर जाती दिखी है।
Delhi Red Fort blast: A CCTV footage has emerged of the Hyundai i20, which was involved in the explosion near the Red Fort. The footage, from October 29, shows the car parked near a petrol pump in Faridabad. Three people can be seen inside the ill-fated car.
Track LIVE uodates… pic.twitter.com/80dXjSNKal
— Hindustan Times (@htTweets) November 11, 2025
दिल्ली ब्लास्ट की जांच से कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। NIA की टीम ने जब मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में छापे मारे तो सामने आया कि कुछ डॉक्टर और पूर्व मौलवी मिलकर एक स्लीपर सेल नेटवर्क चला रहे थे। डॉक्टर के लॉकर से मिली AK-47 और कश्मीर कनेक्शन ने जांच एजेंसियों की नींद उड़ा दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने धमाके पर गहरी चिंता व्यक्त की है और दोषियों को शीघ्र पकड़ने का निर्देश दिया है।
गृह मंत्री अमित शाह ने उच्चस्तरीय बैठक कर दिल्ली पुलिस, NIA और IB अधिकारियों से रिपोर्ट ली है।








