पुरातत्त्व विभाग से मंदिर के संवर्धन की उपेक्षा

मुंबई : ९५० वर्ष प्राचीन तथा भारतीय पुरातत्व विभाग की संरक्षित धरोहर ठाणे जिले के अंबरनाथ शिवमंदिर में दरारें आई हैं । मंदिर के अनेक अवशेष टूट गए हैं तथा मंदिर पर अंकित अनेक शिल्प भग्न हुए हैं ।

मंदिर की इतनी दयनीय स्थिति होकर भी भारतीय पुरातत्व विभाग ने इस मंदिर के संवर्धन की कोई भी योजना नहीं बनाई है । यह मंदिर देश के अनेक प्राचीन मंदिरों में से एक है ।
‘सनातन प्रभात’के प्रतिनिधि श्री. प्रीतम नाचणकर ने सूचना के अधिकार के अंतर्गत दिए गए आवेदन पर केंद्रीय पुरातत्व विभाग के मुंबई मंडल कार्यालय से यह जानकारी प्राप्त हुई है कि अंबरनाथ मंदिर के संवर्धन के लिए अथवा रखरखाव के लिए पुरातत्व विभाग की ओर से किसी प्रकार का सर्वेक्षण नहीं किया गया है ।
🚨 SHOCKING NEGLECT
India's Ancient Heritage at Risk 🚨
The nearly 1000-year-old Ambernath Shiv Mandir in Thane, a protected monument by the @ASIGoI, is crumbling
Cracks have appeared in the structure, and exquisite sculptures of deities like Bhagwan Vishnu & Ganesha are… pic.twitter.com/e9mYvraxyZ
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) October 21, 2025
ऐसी हुई है मंदिर की दयनीय स्थिति !

इस मंदिर पर भगवान श्रीविष्णु, गणपति एवं नृसिंह इन देवताओंसहित अन्य देवतागणों के नृत्य करते समय के शिल्प अंकित हैं । इनमें से अधिकांश शिल्प टूट चुके हैं । कुछ शिल्पों के सिर टूटे हैं, जबकि कुछ शिल्पों के अंग टूटे हैं । मंदिर के अनेक भाग टूट गए हैं ।
पिछले अनेक वर्षाें से इस मंदिर के संवर्धन की उपेक्षा की जाने से वर्तमान समय में इस मंदिर की स्थिति अत्यंत विकट हुई है ।








